🔊
देहरादून में रोडरेज का खूनी खेल देश की सेवा करने वाला ब्रिगेडियर बना गोली का शिकार
देहरादून। राजधानी देहरादून में सोमवार सुबह हुई फायरिंग की घटना ने न सिर्फ कानून व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं, बल्कि हर देशभक्त की आत्मा को झकझोर दिया है।
मसूरी रोड पर ओवरटेकिंग के विवाद में चली गोली ने उस व्यक्ति की जान ले ली, जिसने पूरी जिंदगी मां भारती की सेवा में समर्पित कर दी थी।
रिटायर्ड ब्रिगेडियर मुकेश जोशी – एक ऐसा नाम, जिसने देश की रक्षा में अपना जीवन लगा दिया
लेकिन अंत सड़क पर अराजकता की गोली से
यह सिर्फ मौत नहीं, यह सिस्टम पर सवाल है!
देश की रक्षा करने वाला खुद सुरक्षित नहीं
स्थानीय लोगों में जबरदस्त आक्रोश है।
लोगों का कहना है
जिसने पूरी जिंदगी देश की सेवा की
वही अपने ही शहर में, अपने ही घर के पास
गोली का शिकार हो गया!
क्या यही है कानून का राज?
सुबह-सुबह सड़क पर खुलेआम फायरिंग
बेखौफ बदमाश
और एक निर्दोष की जान चली गई
लोग पूछ रहे हैं
अगर एक ब्रिगेडियर सुरक्षित नहीं, तो आम आदमी कैसे सुरक्षित रहेगा?
कार्रवाई जरूरी, सिर्फ जांच नहीं
पुलिस जांच में जुटी है, नाकेबंदी की गई है, लेकिन अब सवाल है
क्या सिर्फ जांच काफी है?
या अब सख्त और उदाहरण पेश करने वाली कार्रवाई होगी?
जनता का साफ संदेश
उत्तराखंड देवभूमि है
गुंडागर्दी की जगह नहीं
यहां कानून का डर दिखना चाहिए
यह घटना सिर्फ खबर नहीं, चेतावनी है
अगर अब भी सिस्टम नहीं जागा, तो अगला शिकार कोई भी हो सकता है।