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ज्योलीकोट में जलजनित रोगों पर प्रशासन सख्त, 32 हजार लीटर शुद्ध पानी पहुंचा; 261 लोगों की स्वास्थ्य जांच, घर-घर सैंपलिंग तेज दूषित पानी की शिकायतों पर टैंकरों से आपूर्ति, पेयजल स्रोतों की क्लोरीनेशन-सैंपलिंग; पीएचसी में विशेषज्ञ डॉक्टरों की ओपीडी, डीएम ने लापरवाही पर कार्रवाई के दिए संकेत
उत्तराखंड जनपद नैनीताल।
नैनीताल। ज्योलीकोट और आसपास के क्षेत्रों में जलजनित रोगों की स्थिति को देखते हुए जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने निगरानी और उपचार व्यवस्था तेज कर दी है। प्रभावित क्षेत्रों में टैंकरों से शुद्ध पेयजल पहुंचाने के साथ पेयजल स्रोतों, टैंकों और पाइपलाइनों की सफाई, क्लोरीनेशन और सैंपलिंग कराई जा रही है। शुक्रवार को विभिन्न स्वास्थ्य शिविरों में 163 लोगों की जांच हुई, जबकि प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ज्योलीकोट में 98 लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया और आवश्यकता के अनुसार 13 मरीजों को भर्ती किया गया। सचल चिकित्सा वाहन से भी 43 लोगों की जांच की गई।
चार टैंकरों से 136 परिवारों तक पहुंचा 32 हजार लीटर पानी
जल संस्थान की टीम ने चार विभागीय टैंकरों और पिकअप के माध्यम से बेलुवाखान मल्ला, छीड़ा, ज्योली, ज्योलीकोट बाजार, पेट्रोल पंप और वीरभट्टी क्षेत्र के 136 परिवारों को कुल 32 हजार लीटर शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराया। पेयजल से संबंधित 22 शिकायतों का निस्तारण किया गया और सात स्थानों से पानी के नमूने लेकर प्रयोगशाला भेजे गए।
घर-घर सैंपलिंग, 65 ब्लड सैंपल लिए
जिलाधिकारी के सहयोग से उपलब्ध रैपिड किट के माध्यम से प्रभावित क्षेत्रों में घर-घर सैंपलिंग की गई। इस दौरान 65 ब्लड सैंपल लिए गए। पेयजल की गुणवत्ता जांचने के लिए चार अतिरिक्त पानी के नमूने भी लिए गए हैं। स्वास्थ्य विभाग की ओर से लोगों को ओआरएस, जिंक और क्लोरीन की गोलियां वितरित की गईं।
पीएचसी में विशेषज्ञ डॉक्टरों ने संभाली ओपीडी
जलजनित रोगों से प्रभावित मरीजों को विशेषज्ञ चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के लिए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ज्योलीकोट में विशेषज्ञ चिकित्सकों की सेवाएं शुरू की गई हैं। शुक्रवार को साईं हॉस्पिटल हल्द्वानी के विशेषज्ञ चिकित्सक तथा बृजलाल हॉस्पिटल एंड रिसर्च सेंटर के वरिष्ठ फिजिशियन डॉ. मुकेश कुमार ने मरीजों की जांच और उपचार किया। शनिवार को सिटी नर्सिंग होम एंड रिसर्च सेंटर हल्द्वानी के वरिष्ठ एमडी फिजीशियन डॉ. जेसी भंडारी और उनकी टीम विशेष ओपीडी में सेवाएं देगी।
नौ सूत्रीय निर्देशों से होगी पीलिया की रोकथाम
ज्योलीकोट क्षेत्र का निरीक्षण करने पहुंचे निदेशक चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण कुमाऊं मंडल डॉ. केके अग्रवाल ने पीलिया और जलजनित रोगों की रोकथाम के लिए अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए। प्रभावित क्षेत्रों को उच्च, मध्यम और निम्न जोखिम के आधार पर चिन्हित कर निगरानी करने, पेयजल की नियमित जांच, मरीजों की लाइन-लिस्टिंग और दैनिक रिपोर्टिंग के निर्देश दिए गए हैं। सरकारी और निजी चिकित्सा संस्थानों को भी संदिग्ध मामलों की नियमित सूचना देने को कहा गया है।
पाइपलाइन लीकेज और क्रॉस-कनेक्शन पर तत्काल कार्रवाई
जल संस्थान को पेयजल स्रोतों की सफाई, क्लोरीनेशन और नियमित सैंपलिंग के निर्देश दिए गए हैं। सिमलखेत में 30 केएल क्षमता वाले टैंक की सफाई के साथ 50 मीटर पाइपलाइन की मरम्मत और फ्लैशिंग कराई गई। देवलढूंगा स्रोत से ज्योलीकोट की पाइपलाइन की सफाई के बाद आपूर्ति सुचारु की गई। चोपड़ा गांव के नौले की सफाई और क्लोरीनेशन कराया गया है, जबकि दुर्गापुर स्रोत की सफाई और मरम्मत का कार्य जारी है।
सीवर लाइन को बाईपास करने का काम भी जारी
ज्योलीकोट क्षेत्र में सीवरेज व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए करीब 100 मीटर मुख्य सीवर लाइन को बाईपास करने का कार्य भी प्रगति पर है। विभागीय टीम द्वारा संवेदनशील क्षेत्रों में जल स्रोतों और टैंकों का निरीक्षण लगातार किया जा रहा है।
डीएम बोले- शुद्ध पानी में लापरवाही बर्दाश्त नहीं
जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल ने स्पष्ट किया है कि ज्योलीकोट क्षेत्र में शुद्ध पेयजल की नियमित आपूर्ति में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। स्थिति सामान्य होने तक टैंकरों से पानी की आपूर्ति जारी रखने, नियमित क्लोरीनेशन और सैंपलिंग की रिपोर्ट जिला प्रशासन को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं। स्वास्थ्य विभाग को घर-घर सर्वे और जलजनित रोगों की निगरानी जारी रखने को कहा गया है।
आयुष्मान कार्डधारकों को इलाज में परेशानी हो तो सीएमओ से करें संपर्क
इधर, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. रश्मि पंत ने आयुष्मान कार्डधारकों से कहा है कि सूचीबद्ध अथवा गैर-सूचीबद्ध निजी अस्पताल में उपचार के दौरान किसी भी प्रकार की परेशानी होने पर वे सीधे सीएमओ से संपर्क कर सकते हैं। स्वास्थ्य विभाग शिकायत का संज्ञान लेकर नियमानुसार कार्रवाई करेगा। जनपद में आयुष्मान योजना के तहत विभिन्न निजी अस्पतालों में नेत्र चिकित्सा, सामान्य चिकित्सा, सर्जरी, स्त्री एवं प्रसूति रोग, ऑर्थोपेडिक्स, कार्डियोलॉजी, यूरोलॉजी और अन्य उपचार सेवाएं उपलब्ध हैं।
रिपोर्टर : पुष्कर सिंह राजपूत
चीफ एडिटर PSR उत्तरध्वनि न्यूज़